मेडिकल की पढ़ाई केवल एमबीबीएस या एमडी/एमएस तक सीमित नहीं है. किसी खास अंग या बीमारी के इलाज में विशेषज्ञता हासिल करने वाले को ‘सुपर स्पेशलिस्ट’ कहा जाता है. देश के प्रमुख मेडिकल संस्थानों में डॉक्टरेट ऑफ मेडिसिन, Master of Chirurgiae (MCh) और डॉ. एनबी (DrNB) जैसे प्रतिष्ठित सुपर स्पेशलिटी कोर्स में दाखिले के लिए नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट-सुपर स्पेशलिटी यानी नीट एसएस परीक्षा होती है.
नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने नीट एसएस 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू कर दी है. इच्छुक अभ्यर्थी 18 नवंबर 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. नीट एसएस 2026 की परीक्षा 11 और 12 दिसंबर 2026 को कंप्यूटर आधारित मोड में होगी. मेडिकल पीजी की पढ़ाई पूरी कर चुके हजारों डॉक्टरों के लिए यह परीक्षा उनके करियर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित होती है. नीट एसएस 2026 फॉर्म natboard.edu.in पर भर सकते हैं.
नीट एसएस परीक्षा क्या है और क्यों होती है?
नीट एसएस राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा है. इसके जरिए एमडी, एमएस या डीएनबी पास कर चुके डॉक्टरों को डीएम और एमसीएच (MCh) जैसे सुपर स्पेशलिटी कोर्स में एडमिशन मिलता है. भारत में लगभग 156 से ज्यादा मेडिकल कॉलेजों और संस्थानों में 2,400 से अधिक सुपर स्पेशलिटी सीटों पर इसी परीक्षा के अंक और मेरिट लिस्ट के आधार पर काउंसलिंग होती है. सामान्य सर्जन से न्यूरोसर्जन या सामान्य फिजिशियन से कार्डियोलॉजिस्ट बनने के लिए नीट एसएस परीक्षा देना जरूरी है.
नीट एसएस देने के लिए किसी मान्यता प्राप्त मेडिकल कॉलेज या विश्वविद्यालय से संबंधित विषय (फीडर स्पेशलिटी) में पोस्टग्रेजुएट डिग्री यानी MD, MS, DNB या इसके समकक्ष योग्यता होनी अनिवार्य है. बोर्ड के नियमों के मुताबिक, अभ्यर्थी का पीजी कोर्स 18 नवंबर 2026 (या तय कट-ऑफ डेट) तक या उससे पहले पूरा हो जाना चाहिए. उम्मीदवार का नेशनल मेडिकल कमीशन या संबंधित स्टेट मेडिकल काउंसिल में स्थायी या प्रोविजनल रजिस्ट्रेशन होना भी जरूरी है. इसकी रसीद एग्जाम सेंटर पर दिखानी होती है.
क्या नीट एसएस के लिए उम्र सीमा या अटेंप्ट लिमिट तय है?
मेडिकल जगत की इस सर्वोच्च परीक्षा की सबसे खास बात है कि NBEMS ने नीट एसएस के लिए कोई भी ऊपरी या निचली आयु सीमा निर्धारित नहीं की है. शैक्षणिक योग्यता और रजिस्ट्रेशन की शर्त पूरी करने वाले किसी भी उम्र के डॉक्टर नीट एसएस परीक्षा दे सकते हैं. नीट एसएस परीक्षा में शामिल होने के प्रयासों (Attempts) की संख्या पर भी कोई पाबंदी नहीं है. डॉक्टर जब चाहें अपने ज्ञान और विशेषज्ञता को बढ़ाने के लिए यह परीक्षा दे सकते हैं.
नीट एसएस परीक्षा पैटर्न और सिलेक्शन प्रोसेस
नीट एसएस परीक्षा कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) मोड में होती है. इसमें कुल 150 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) पूछे जाते हैं. इन्हें हल करने के लिए 2 घंटे 30 मिनट मिलते हैं. प्रश्न पत्र को 50-50 सवालों के 3 सेक्शन में बांटा जाता है. हर सेक्शन के लिए 50 मिनट का तय समय होता है. सही जवाब पर +4 अंक मिलते हैं, जबकि गलत जवाब पर 1 अंक की नेगेटिव मार्किंग की जाती है. नीट एसएस परीक्षा पास करने के लिए कम से कम 50वें पर्सेंटाइल अंक हासिल करने होते हैं. इसके बाद अभ्यर्थी ऑल इंडिया काउंसलिंग के लिए पात्र बनते हैं.
नीट एसएस 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन कैसे करें?
नीट एसएस 2026 परीक्षा के लिए नीचे लिखे स्टेप्स के जरिए आवेदन कर सकते हैं:
ऑफिशियल वेबसाइट natboard.edu.in पर विजिट करें.
अब होमपेज पर NEET SS 2026 टैब पर क्लिक करें.
नए रजिस्ट्रेशन लिंक पर क्लिक करें.
फोन नंबर और ईमेल आईडी जैसी पर्सनल डिटेल्स के जरिए परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन करें.
डिटेल्स सबमिट करने के बाद, रजिस्टर्ड ईमेल आईडी पर यूजर आईडी और पासवर्ड भेजा जाएगा.
अब पोर्टल पर लॉगिन करें. पर्सनल और एजुकेशनल डिटेल्स भरकर एप्लीकेशन फॉर्म पूरा करें.
विवरण भरने के बाद निर्धारित फॉर्मेट में जरूरी डॉक्यूमेंट्स अपलोड करें.
डॉक्यूमेंट्स अपलोड करने के बाद उम्मीदवारों को नीट एसएस परीक्षा केंद्र की प्रायोरिटी भरनी होगी.
आवेदन शुल्क का भुगतान करके फॉर्म सबमिट करें.
कन्फर्मेशन पेज डाउनलोड करके फ्यूचर रेफरेंस के लिए इसे सेव कर लें.
नीट एसएस आवेदन 2026 के लिए जरूरी डॉक्यूमेंट्स
नीट एसएस 2026 एप्लीकेशन फॉर्म भरते समय नीचे लिखे डॉक्यूमेंट्स की जरूरत होती है:
पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ
उम्मीदवार के हस्ताक्षर
उम्मीदवार का अंगूठे का निशान (थंब इम्प्रेशन)
एप्लीकेशन फॉर्म या रजिस्ट्रेशन शुल्क से संबंधित किसी भी प्रश्न के लिए एनबीईएमएस (NBEMS) केयर सपोर्ट से संपर्क कर सकते हैं.



