ईरान में एक बार फिर एक खौफनाक हवाई हादसा सामने आया है. इसे देखकर हर किसी का कलेजा कांप उठा. मशहद एयरपोर्ट से उड़ान भरते ही सेपेहरान एयरलाइंस के बोइंग 737 प्लेन का टायर हवा में ही बड़े धमाके के साथ फट गया. टायर फटने का झटका इतना तेज था कि पूरा केबिन हिल गया और उसके टुकड़े सीधे इंजन में जा घुसे. प्लेन के अंदर का एक डरावना वीडियो भी सामने आया है. वीडियो में दिख रहा है कि प्लेन के हिस्से टूट-टूटकर यात्रियों पर गिर रहे हैं और फर्श दो टुकड़ों में फटता जा रहा है. प्लेन के अंदर यात्री डर के मारे चीखते-चिल्लाते दिख रहे हैं.
कैसे फटने लगा पैसेंजर प्लेन?
हवा में कई हजार फीट की ऊंचाई पर जब सेपेहरान एयरलाइंस की फ्लाइट का इंजन डैमेज हुआ तो यात्रियों को लगा कि आज उनकी जिंदगी का आखिरी दिन है. केबिन के अंदर चीख-पुकार मच गई लोग भगवान को याद करने लगे और रो-रोकर सलामती की दुआएं मांगने लगे. हालांकि, पायलट की सूझबूझ से इस क्षतिग्रस्त प्लेन की वापस इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई, जिससे सैकड़ों लोगों की जान बच सकी.
ये प्लेन ईरान के मशहद शहर में बने ‘शहीद हाशमीनेजाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट’ से उड़ान भर रहा था. इस फ्लाइट को करमानशाह शहर की तरफ जाना था. प्लेन में बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं समेत सैकड़ों यात्री सवार थे. जब प्लेन रनवे से टेकऑफ कर रहा था, तब सब कुछ बिल्कुल नॉर्मल लग रहा था. यात्री अपनी सीटों पर आराम से बैठे थे और सफर शुरू होने का इंतजार कर रहे थे. लेकिन जैसे ही प्लेन ने आसमान की तरफ रुख किया और रफ्तार पकड़ी, तभी हवा में एक भयंकर धमाका हुआ. ऐसा लगा जैसे प्लेन के नीचे कोई बम फट गया हो और पूरा का पूरा विमान जोर-जोर से हिलने लगा.
धमाका होते ही प्लेन का संतुलन पूरी तरह बिगड़ने लगा. शुरुआत में तो यात्रियों को लगा कि शायद ये कोई मामूली झटका या टर्बुलेंस है. लेकिन सच्चाई इससे कहीं ज्यादा भयावह थी. दरअसल, हवा में जाते ही प्लेन का एक मेन टायर अचानक तेज धमाके के साथ फट गया था. मामला सिर्फ टायर फटने तक सीमित नहीं रहा. जब टायर फटा तो उसके रबर और धातु के तेज टुकड़े बहुत तेजी से छिटके और सीधे प्लेन के जलते हुए इंजन के अंदर जा घुसे.
- इंजन में मलबे के जाते ही प्लेन के सिस्टम में भयंकर खराबी आ गई.
- कॉकपिट के अंदर चेतावनी की घंटियां बजने लगीं और पायलटों के सामने संकट खड़ा हो गया.
- हवा में इतनी ऊंचाई परजब इंजन डैमेज हो गया, तो प्लेन को संभालना बेहद मुश्किल होने लगा.
- पायलटों को तुरंत समझ आ गया कि इस हालत में करमानशाह तक जाना जानलेवा साबित हो सकता है.



