रायपुर । छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत 240 इलेक्ट्रिक बसों की मंजूरी मिली थी, लेकिन सड़कों पर संचालन अभी तक शुरू नहीं होने से यात्रियों को बड़े किराये और बसों की कमी के परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक बसों का संचालन नवंबर-दिसंबर 2026 से चरणबद्ध तरीके से शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। बुनियादी ढांचे (चार्जिंग स्टेशन, डिपो) और अनुबंधों में सरकार की ढूलमूल नितियों के कारण अब तक इनका संचालन शुरू नहीं हो सका है।शहरों के अनुसार संचालन का अनुमानित समय इस प्रकार है:दुर्ग-भिलाई (नवंबर-दिसंबर 2026): प्रदेश में सबसे पहले ई-बसों का संचालन यहीं से शुरू होगा। जबकि 50 बसों के लिए ऑपरेटर तय हो चुके हैं, रूट प्लान तैयार है और बुनियादी काम अंतिम चरण में हैं।
बिलासपुर (दिसंबर 2026): यहाँ बिलासपुर शहर और आसपास के ग्रामीण/कस्बाई इलाकों को जोड़ने वाले 15 रूटों पर 50 ई-बसें चलाने की तैयारी दिसंबर से की जा रही है।
रायपुर और कोरबा (2027 की शुरुआत): रायपुर (100 बसें) में जरवाय स्थित डिपो और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर का काम अभी अधूरा होने के कारण इसमें कुछ महीनों का समय और लग सकता है।देरी के मुख्य कारण:अधूरा इंफ्रास्ट्रक्चर: जरवाय (रायपुर) और अन्य शहरों में चार्जिंग स्टेशन और समर्पित डिपो का सिविल वर्क अभी पूरी तरह तैयार नहीं हो पाया है। प्रशासनिक स्वीकृतियां: राज्य सरकार द्वारा ऑपरेटरों के साथ अनुबंध और डायरेक्ट डेबिट मैंडेट को हाल ही में मंजूरी मिली है, जिससे प्रक्रिया अब तेज हुई है।