होर्मुज जलडमरूमध्य की नाकेबंदी के बीच ट्रंप प्रशासन ने खाड़ी देशों के तेल को सुरक्षित निकालने के लिए खुद ईरान की ही पुरानी और शातिर ‘स्मगलिंग तकनीक’ को चुराकर एक बेहद खुफिया ‘डार्क फ्लीट’ ऑपरेशन चलाया. अमेरिकी सेना द्वारा ओमान के सोहार और यूएई के फुजैराह तट पर चलाए जा रहे इस गुप्त ‘शिप-टू-शिप’ तेल ट्रांसफर नेटवर्क में अब तक 92 से ज्यादा जहाज शामिल हो चुके हैं, जिनके जरिए करीब 9 करोड़ बैरल कच्चा तेल निकाला जा चुका है. इसी ऑपरेशन में Apache शहीद हुआ था.
ईरान के साथ भले ही ट्रंप ने जंग खत्म करने की शुरुआत कर दी है लेकिन उनके बस में जितना डैमेज था, वो ईरान में कर चुके हैं. मिसाइलें-ड्रोन की तबाही तो दुनिया ने देखी लेकिन ट्रंप ने ईरानी तेल को भी नहीं छोड़ा. ट्रंप ने होर्मुज नाकेबंदी की आड़ में छुपकर ईरानी तेल चोरी किया है. ये बात उन्होंने कुछ दिन पहले ही कबूली है लेकिन अब सामने आया है कि ट्रंप ने इस चोरी को अंजाम आखिरी कैसे दिया है? ट्रंप की इसी चालबाजी की नतीजा है कि उनका अपाचे हेलीपॉप्टर शहीद हो गया. ट्रंप ने इस तेल चोरी को अंजाम देने के लिए ईरान की ही पुरानी और शातिर ‘स्मगलिंग तकनीक’ का इस्तेमाल किया, जिससे ईरान सालों तक अमेरिकी प्रतिबंधों को ठेंगा दिखाता आया था.






